रविवार, 27 मार्च 2016

श्री हनुमान चालीसा-35-36

श्री हनुमान चालीसा
और देवता चित्त न धरई।
हनुमत् सेई सर्व सुख करई।।
संकट कटै मिटे सब पीरा।
जो सुमिरै हनुमत बलबीरा।।35-36



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