मंगलवार, 15 मार्च 2016

श्री हनुमान चालीसा-19

श्री हनुमान चालीसा

प्रभु मुद्रिका मेलि मुख माहीं।

जलधि लाँघि गये अचरज नाहीं।।19

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें